वो थक गयी थी भीड़ में चलते हुए, उसके बदन पर बहुत सी निगाहों का बोझ था ।। @____ab

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वो थक गयी थी भीड़ में चलते हुए,
उसके बदन पर बहुत सी निगाहों का बोझ था ।।
@____abhi____ @JaunSee @Mahanaatma1 @mithelesh @shayari #जिंदगी_गुलज़ार_है
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Source by abhi

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