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    मेरी लिखी माेहब्बत क…
करीब-हो-मेरे-दिल-के-तुम-मगर-दूरियाँ-खूब

” करीब हो मेरे दिल के तुम, मगर दूरियाँ खूब निभाते हो. मेरी लिखी माेहब्बत क…

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” करीब हो मेरे दिल 💕 के तुम, मगर दूरियाँ खूब निभाते हो.🍁

मेरी लिखी माेहब्बत को भी जाना.. ♥
फकत शायरी समझ पढ़ जाते हो.. 💦
जब, इजहारे माेहब्बत् करनी ही नहीं है तुम्हें,

#तो फिर #नजदीकियाँ क्यूँ दिखाते हाे. 🌹
#बज़्म
#अक्षरमाला
#शायरांश #पहल
#शब्द_शाला #alfazmere https://t.co/06G3PdXfjZ
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Source by ठाकुर🚩GULAB🔥SINGH 🔥🌹

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